भ्रष्टाचार पर निबंध (प्रभाव और उन्मूलन) Essay on Corruption in Hindi

इस लेख में हमने भ्रष्टाचार पर निबंध (Essay on Corruption in Hindi) हिन्दी में लिखा है। यह लेख हमें बताता है हम भ्रष्टाचार मुक्त भारत कैसे बना सकते हैं? इस निबंध को हमने स्कूल और कॉलेज के छात्रों के लिए 1200 शब्दों में लिखा है। जिसमें हमने –

  • भ्रष्टाचार क्या है? इसके क्या-क्या प्रभाव पढ़ रहे हैं?
  • भ्रष्टाचार रोकने के उपाय क्या-क्या हैं? इसके विषय में विस्तार में बताया है।

अगर हम भ्रष्टाचार उन्मूलन की मुहीम को छेड़ें और एक ईमानदार व्यक्ति के रूप में काम करें तो हम इसे जड़ से निकाल कर फैंक सकते हैं। आईये शुरू करते हैं – भ्रष्टाचार पर निबंध Essay on Corruption in Hindi

पढ़ें: भ्रष्टाचार पर भाषण

प्रस्तावना Introduction (Essay on Corruption in Hindi 1200 Words)

वर्तमान भारत में भ्रष्टाचार हमारे देश भारत में पूरी तरह से फ़ैल चूका है। ना सिर्फ भारत बल्कि पुरे विश्व के लिए भ्रष्टाचार एक ज्वलंत समस्या बन गया है। दिन ब दिन इसकी समाप्ति और भी मुश्किल होते जा रही है।

भारत में आज लगभग सभी प्रकार के आईटी कंपनियां, बड़े कार्यालय, अच्छी अर्थव्यवस्था होने के बावजूद भी आज भारत पूरी तरीके से विकसित होने की दौड़ में बहुत पीछे है। इसका सबसे बड़ा कारण है भ्रष्टाचार की बढती घटनाएँ।

चाहे वह समाज का कोई बड़ा अधिकारी हो या छोटा किसान, कोई प्राइवेट कर्मचारी हो या कोई राजनीतिक नेता, सभी क्षेत्र भ्रष्टाचार की चपेट में आ चुकें हैं। आसान शब्दों में कहा जाये तो अब लोग भ्रष्टाचार के आदि हो चुके हैं। अब भ्रष्टाचार के बिना कहीं कुछ काम होता ही नहीं।

अगर इस भ्रष्टाचार मुखी राक्षस को समाज से नहीं हटाया गया तो इसके बहुत बुरे प्रभाव देखने को मिल सकते हैं। आईये जनते हैं भ्रष्टाचार से हमारे आस-पास पर क्या प्रभाव पड़ता है?

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भ्रष्टाचार के प्रभाव Effects of Corruption in Hindi

भ्रष्टाचार कुछ इस प्रकार से भारत में दीमक की भांति फैल चुका है कि इसके सभी प्रभाव तो बता पाना बड़ा मुश्किल है। भले ही कोई ढ़ोंगी बाबा हो या कोई रोड, ईमारत या पुल बनाने वाले कॉन्ट्रैक्टर का काम हो जगह आपको भ्रष्टाचार दिख ही जाएगा। जिसके कारन आम आदमी को अंत में भुगतना पड़ता है।

भारत में कई जगहों पर धर्म, संप्रदाय, आस्था और विश्वास के नाम पर लोगों का शोषण किया जा रहे हैं। सरकारी दफ्तरों में पैसे या घूस न देने पर काम पूरे नहीं होते हैं। दुकानों में मिलावट का सामान मिल रहा है और कई कंपनियों का सामान खाने या लगाने के लायक ना होने पर भी भ्रष्टाचार के कारण दुकानों पर मिल रहा है। कुछ चंद पैसों के लिए बड़े-बड़े कर्मचारी और नेता गलत टेंडर को पास कर देते हैं जिसका प्रभाव आम आदमी पर पड़ता है।

पहले कार्यालय में घूस लेना और भ्रष्टाचार, खासकर दफ्तरों में काम करने वाले लोगों की आय कम और व्यय ज्यादा होने के कारण दिखता था परंतु अब जब सरकार ने कर्मचारियों को अच्छा वेतन देना भी शुरू कर दिया है तब भी भ्रष्टाचार में कमी नहीं दिख रही है। क्योंकि अब लोगों को भ्रष्टाचार और घुस लेना एक आदात बन चूका है।

भ्रष्टाचार में कमी ना दिखने का सबसे बड़ा कारण है कि भ्रष्टाचार अब हर किसी की आदत सा बन चुका है। अब भ्रष्टाचार होने पर भी लोगों को लगता है कि यह हर दिन का काम ही तो है। जब तक हमारा देश भ्रष्टाचार मुक्त नहीं होगा तब तक हम भारत को विकसित देश नहीं बना पाएंगे।

आज भ्रष्टाचार के कारण ही कई प्रकार के सरकार द्वारा शुरू किये गए सार्वजनिक कार्य सही से पूर्ण नहीं हो पा रहे हैं। रोड तो बनते हैं, बड़ी इमारतें बनती पर कुछ ही सालों में ख़राब हो जाते हैं। यह सब भ्रष्टाचार के कारण होता है और ख़ामियाज़ा आम आदमी को भुगतना पड़ता है।

भ्रष्टाचार को रोकने के उपाय How to stop corruption in Hindi?

1. सरकारी कर्मचारियों को अच्छा वेतन Providing Good salary to Government employee

लगभग सभी केंद्रीय सरकार के कर्मचारियों को 7वें वेतन आयोग के रिपोर्ट के अनुसार काफी हद तक अब अच्छा वेतन मिल रहा है। अभी भी राज्य सरकार के कर्मचारियों को सही प्रकार से वेतन नहीं मिल पाया है।

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परंतु वेतन अच्छा मिलने पर भी भ्रष्टाचार अब दफ्तरों में एक आदत सा बन चुका है जिसके कारण दिनों दिन भ्रष्टाचार बढ़ते चले जा रहा है। इसलिए सोच समझकर और सही समय पर वेतन बढ़ाया जाना चाहिए जिससे कर्मचारी के मन में भ्रष्टाचार की भावना उत्पन्न ना हो सके।

2. दफ्तरों में लोगों की कमी न हो Lack of workers in offices

कई सारे सरकारी दफ्तरों में जरूरत से बहुत कम कर्मचारी नियुक्त किए जाते हैं जिसके कारण काम करने वाले हैं कर्मचारियों पर भार बढ़ते जाता है। इससे दो प्रकार की असुविधाएं उत्पन्न होती है पहले आम आदमी का काम सही समय पर पूर्ण नहीं हो पाता है और दूसरा काम को जल्दी पूर्ण करने-कराने के लिए लोग भ्रष्टाचार का रास्ता अपनाते हैं।

इसमें जो लोग घुस देते हैं उनका काम पहले हो जाता है और जो लोग घुस नहीं देते हैं या तो उनका काम पूर्ण होने में पूरा साल लग जाता है या कभी पूर्ण होता ही नहीं है। भ्रष्टाचार को सरकारी दफ्तरों में पूरी तरीके से बंद करने के लिए हर विभाग में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्य करने वाले आयोग बनाने चाहिए जो ऐसे अनैतिक कार्यों पर ध्यान रखें।

3. सभी कार्यालय में कैमरा लगाया जाये CCTV Camera for offices

आज कल लगभग सभी कार्यालयों पर सीसीटीवी कैमरे लगे हुए हैं जो कार्यालय में निगरानी रखने के लिए लगाए गए हैं। परंतु कुछ ऐसा होना चाहिए जिससे कि यह सीसीटीवी कैमरे अन्य विभाग के द्वारा संभाले जाएं जो ऑफिस में काम करते हुए कर्मचारियों पर निगाह रखे। इससे ऑफिस में काम करने वाले कर्मचारी घुस लेने से डरेंगे और लेने पर पकड़े भी जाएंगे।

4. भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) बिल, 2013 Prevention of Corruption Act

भ्रष्टाचार को रोकने का सबसे आसान रास्ता है भ्रष्टाचार करने वालों को कड़ी से कड़ी सजा दी जानी चाहिए। भ्रष्टाचार भी आतंकवाद और देशद्रोह के समान है और यह एक बहुत ही बड़ा अपराध है जिससे देश की आर्थिक स्तिथि पर बुरा प्रभाव पड़ता है।

आप खुद ही सोच कर देखिए एक ऐसा अपराध जिसके कारण देश उन्नति ना कर पा रहा हो क्या उसके लिए मात्र कुछ छोटे-मोटे ही सजा मिलना सही होगा। भ्रष्टाचार करने वाले को देशद्रोह करने वाले के समान मानना होगा और उनके लिए कड़ी से कड़ी सजा का प्रावधान बनाना पड़ेगा। ऐसा करने से लोग भ्रष्टाचार करने से पहले 10 बार सोचेंगे।

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भारत में भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) बिल, 2013, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 का संशोधन है जिसमे भ्रष्टाचार करने वाले व्यक्ति के ऊपर कड़ी कारवाही और पुरे संपत्ति की जब्ती भी लिखा गया है।

5. भ्रष्टाचार का विरोध करें Always oppose corruption

भ्रष्टाचार बढ़ने का मात्र एक सबसे बड़ा कारण है और वह है भ्रष्टाचार का साथ देना। भले ही किसी कार्यालय में हमारा कोई कार्य पूर्ण हो या ना हो हमें कदापि भ्रष्टाचार का साथ नहीं देना चाहिए। भ्रष्टाचार इसीलिए होता है क्योंकि हम उसे होने देते हैं। हमें हमेशा भ्रष्टाचार का विरोध करना चाहिए और लोगों को इसके विषय में जागरूकता प्रदान करना चाहिए।

भारत में हुए सबसे बड़े भ्रष्टाचार के घोटाले The Top 10 Corruption Scams in India

निम्नलिखित भारत के कुछ प्रमुख भ्रष्टाचार के घोटाले हैं –

  1. भारतीय कोयला आवंटन घोटाला Indian Coal Allocation Scam – 2012 – 1,86,000 Crore
  2. 2जी स्पेक्ट्रम घोटाला 2G Spectrum Scam – 2008 – 1,76,000 Crore
  3. वक्फ बोर्ड भूमि घोटाला Wakf Board Land Scam – 2012 – 1.50,000 Crore
  4. राष्ट्रमंडल खेलों के घोटाला Commonwealth Games Scam – 2010 – 70,000 Crore
  5. तेलगी घोटाला Telgi Scam – 2002 – 20,000 Crore
  6. सत्यम घोटाला Satyam Scam – 2009 – 14,000 Crore
  7. बोफोर्स घोटाला Bofors Scam – 1980s & 90s – 100 to 200 Crore
  8. चारा घोटाला The Fodder Scam – 1990s – 1,000 Crore
  9. हवाला घोटाला The Hawala Scandal – 1990-91 – 100 Crore
  10. हर्षद मेहता और केतन पारेख आईटी कंपनियां Harshad Mehta & Ketan Parekh Stock Market Scam – 1992 – 5000 Crore Combined

निष्कर्ष

हमें ना ही भ्रष्टाचार को बढ़ावा देना चाहिए और ना ही किसी को करने देना चाहिए। हमेशा ईमानदार से काम करने से हम अपने देश को आगे ले जा सकते हैं और भारत जे साथ-साथ पूरी दुनिया को भ्रष्टाचार मुक्त बना सकते हैं। आशा करते हैं आपको भ्रष्टाचार पर निबंध (Essay on Corruption in Hindi) अच्छा लगा होगा।

17 thoughts on “भ्रष्टाचार पर निबंध (प्रभाव और उन्मूलन) Essay on Corruption in Hindi”

  1. भहूत सही तरीके से लिखा गया है और
    मैं मानता हूं कि इस भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए

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