मेरा परिवार पर निबंध Essay on My Family in Hindi

आज के इस लेख मे हमने मेरा परिवार पर निबंध Essay on My Family in Hindi हिन्दी मे प्रकाशित किया है। यह निबंध स्कूल के छात्रों और बच्चों के लिए लिखा गया है।

यह सिर्फ एक निबंध नहीं है बल्कि इस लेख में मैंने अपने स्वयं के परिवार की कहानी को दर्शाया है। मेरे परिवार की इस कहानी से सिख मिलती है की हमें हमेशा अपने परिवार के लोगों का सम्मान करना चाहिए और साथ ही उनके महत्व को समझना चाहिए।

मेरा परिवार पर निबंध Essay on My Family in Hindi (900 Words)

परिवार हर किसी के जीवन के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण होता है। परिवार के बिना यह जीवन एक अधूरा सा लगता है। माता-पिता, भाई-बहन, पति-पत्नी, बच्चे सब एक परिवार का हिस्सा होते हैं। हर किसी परिवार के लोग दुख-सुख में एक दूसरे का साथ देते हैं और हर मुश्किल को मिलकर झेलते हैं और सुलझाते हैं।

आज की दुनिया मे माना जाता है  जितना छोटा परिवार उतना सुखी परिवार। यह बात एक तरीके से अच्छा भी है क्योंकि आज के इस आधुनिक युग में चीजों के बढ़ते दाम और महंगे जीवन यापन में ज्यादा परिवार का पालन पोषण करना भी मुश्किल है।

आज लोग परिवार के महत्व को नहीं समझ पा रहे हैं। इसका सबसे बड़ा कारण है इस नई दुनिया और लोगों का बदलता मन। आज हमें आने वाली पीढ़ी यानी कि छोटे बच्चों को अपने परिवार के महत्व को समझाना होगा ताकि वह समझ सकें कि परिवार क्यों जरूरी है?

आज स्कूलों और कॉलेजों में भी निबंध और भाषण के माध्यम से विद्यार्थियों को परिवार के महत्व को समझाया जा रहा है और परिवार के महत्व को और अच्छे तरीके से समझाने के लिए परीक्षा में भी प्रश्न के रूप में मेरा परिवार निबंध को दिया जा रहा है।

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मेरे परिवार में मेरे माता पिता, मेरी पत्नी, मैं और मेरी छोटी सी बेटी हैं। मेरे पिताजी एक बहुत ही गरीब और किसान परिवार से थे।

मेरे दादाजी हमेशा पिताजी को खेतों में काम करने के लिए भेजा करते थे परंतु मेरे पिताजी का मन तो पढ़ाई में था। मेरे दादाजी के मना करने पर भी पापा छुपकर स्कूल जाया करते थे और स्कूल में अच्छे अंक भी लाते थे।

जब दसवीं की परीक्षा का समय आया तो मेरे दादा जी ने पिताजी को स्कूल जाने नहीं दिया तब गांव के अध्यापकों ने दादा जी को समझाया और उनकी दसवीं की परीक्षा देने के लिए भेजने को कहा। बहुत समझाने पर दादाजी मान गए और परीक्षा देने पर पिताजी ने बहुत अच्छे अंक मैट्रिक की परीक्षा मे प्राप्त किए और उसके बाद उन्हें एक स्कूल में अध्यापक की नौकरी भी मिल गई। बाद में पिताजी ने इंडियन आर्मी / भारतीय सेना का परीक्षा दिया और उसमें भी पास हो गए।

उसके बाद मेरी मां और पापा का विवाह हुआ और हम जब जन्म हुए तो हम लोगों की शिक्षा भी केंद्रीय विद्यालयों में हुई। मेरे पिताजी के अच्छे कदम और दृढ़ संकल्प के कारण ही हमें उनकी तरह शिक्षा के लिए मुश्किलें नहीं हुई और मैंने और मेरी बहन ने अच्छे से अपनी पढ़ाई को पूरा किया।

जब मैं 10 साल का था तभी मेरे दादा जी का देहांत हो गया था। हालांकि हमें सही तरीके से याद नहीं है परंतु दादाजी मेरे शरारत करने पर गुस्सा होकर मेरे पीछे डंडा लेकर दौड़ते थे और मुझे भी उन्हें तंग करने में बड़ा मजा आता था।

पापा के रिटायरमेंट के बाद दादी हमारे नए घर में हमारे साथ रहती थी परंतु हमारे साथ कुछ साल रहने के बाद ही वह भी हमें हमेशा के लिए छोड़ कर चली गई। दादी के साथ बैठकर बात करने का एक मजा ही अलग था।

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बाद में मैंने अपने ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की और अपने इच्छा अनुसार आज मैं एक ब्लॉगर हूं जो कि मेरे लिए बहुत खुशी की बात है। साथ ही मैंने अपनी ग्रेजुएशन फार्मेसी में पूरी की है इसलिए मेरे गांव में मैंने एक मेडिसिन स्टोर भी शुरू किया है। आज मैं अपने कार्य और ब्लॉगिंग से बहुत खुश हूं क्योंकि इन चीजों में मैं अपने परिवार को अपना पूरा समय दे पाता हूं क्योंकि मैं अपने यह सभी काम घर पर ही रहकर करता हूं।

आखिर में मैं बस आपको इतना बताना चाहता हूं कि हमेशा अपने परिवार के लोगों  के महत्व को समझें और अपने से बड़ों का हमेशा सम्मान करें। आज अपने परिवार में हम अपने बड़ों यानी कि माता-पिता, दादा-दादी का जिस प्रकार सम्मान और आदर करेंगे उसी प्रकार हमारे आने वाली पीढ़ी भी हम से सीख कर हमे सम्मान देंगे।

परिवार ही वह माध्यम है जो आने वाली पीढ़ी को सही राह और सकारात्मक विचार मन में लाने मैं मदद करता है और जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहन करता है। इसलिए अपने जीवन में हमेशा अपने माता-पिता या दादा-दादी बल्कि अपने परिवार के अन्य सभी जनों जैसे भाई बहन चाचा चाची  का हमेशा सम्मान करें और अपने परिवार के साथ खुशियों भरा जीवन व्यतीत करें।

निष्कर्ष Conclusion

इस पोस्ट में आपने मेरा परिवार पर निबंध Essay on My Family in Hindi हिन्दी में पढ़ा। आप भी चाहें तो अपने परिवार के विषय में अच्छी बातें बता सकते है और आपकी राय इस पोस्ट के नीचे कमेंट करके हमें बताएं।

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5 thoughts on “मेरा परिवार पर निबंध Essay on My Family in Hindi”

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