Home Indian Festival in Hindi असम के बिहू त्यौहार पर निबंध Essay on Bihu Festival in Hindi
Loading...

असम के बिहू त्यौहार पर निबंध Essay on Bihu Festival in Hindi

11 min read
1
असम के बिहू त्यौहार पर निबंध Essay on Bihu Festival in Hindi

असम के बिहू त्यौहार पर निबंध Essay on Bihu Festival in Hindi

बिहू (Bihu) का त्यौहार भारत के असम (Assam) राज्य का प्रमुख फसल कटाई पर मनाया जाने वाला त्यौहार है। एक वर्ष में यह त्यौहार असम में 3 बार मनाया जाता है।

सर्दियों के मौसम में यह त्यौहार पूस संक्रांति के दिन(Pous Sankranti day) मनाया जाता है जो की उस महीने का आखरी दिन होता है और दूसरा विषुव संक्रांति के दिन(Vishuva Sankranti Day) मनाया जाता है जो बंगाली कैलंडर का आखरी दिन होता है। तीसरी बार यह त्यौहार कार्तिक(Month of Kartik) महीने में मनाया जाता है।

असम के 3 प्रसिद्ध बिहू त्यौहार पर निबंध Essay of Bihu Festival in Hindi

असम के 3 बिहू त्योहारों के नाम हैं रोंगाली, भोगाली, और कोंगाली बिहू (Rongali, Bhogali, and Kongali Bihu). चलिए इन तीन बिहू त्योहारों के विषय में जानते हैं।

#1 रोंगाली बिहू / बोहाग बिहू Rongali Bihu / Bohag Bihu

विषुव संक्रांति के दिन का बिहू त्यौहार बहुत ही हर्षो उल्लास के साथ भव्यता से मनाया जाता है। असमी Assamese भाषा में इस दिन मनाये जाने वाले बिहू त्यौहार को रोंगाली बिहू या बोहाग बिहू भी कहते हैं।

Also Read  2017 नव वर्ष पर निबंध व भाषण Happy New Year Essay Speech in Hindi

रोंगाली Rongali का अर्थ होता है आनंदमय होना। यह त्यौहार वसंत ऋतू के आगमन की ख़ुशी को दर्शाने के लिए मनाया जाता है। इस समय पेड़ों और लताओं में ढेर सारे रंग-बिरंगे फूल बहुत ही सुन्दर दीखते हैं। प्रकृति की सौन्दर्य के साथ-साथ लोगों की इस त्यौहार के प्रति निष्ठा और भी ज्यादा इस दिन को महत्वपूर्ण बना देता है।

रोंगाली के पहले दिन लोग प्रार्थना, पूजा और दान करते हैं। लोग इस दिन नदियों और तालाबों में पवित्र स्नान करते हैं और कहीं-कहीं तो लोग अपने पशुओं को भी नहलाते हैं। सभी बच्चे और बड़े इस दिन नए कपडे पहनते हैं।

Loading...

Rongali त्यौहार पुरे एक हफ्ते तक धूम धाम से मनाया जाता है। इस दिन गाये और नाचे जाने वाले पारंपरिक नृत्य और गीत को हुचारी ‘Huchari’ कहते हैं। ड्रम और बाजों के ध्वनि के साथ इन समाराहो को देखना बहुत ही आनंदमय होता है।

पर सबसे मज़ेदार चीज तो इस त्यौहार में होते है वो है कुछ ज़बरदस्त प्रतियोगिताएं या खेल जैसे – बैलों की लड़ाई, मुर्गों की लड़ाई और अण्डों का खेल।

#2 भोगाली बिहू / माघ बिहू Bhogali Bihu / Magh Bihu

पौष संक्रांति के दिन Pous Sankranti day को असम में भोगाली बिहू के रूप में मनाया जाता है। इस दिन को माघ बिहू भी कहा जाता है।

Also Read  2017 सरस्वती पूजा वसंत पंचमी पर निबंध Saraswati Puja Vasant Panchami in Hindi

इस त्यौहार के आरंभ में सभी लोग अग्नि देवता की पूजा करते हैं।  इस दिन वे बम्बुओं से एक मदिर के जैसे अकार बनाते हैं जिसे आसमी भाषा में मेजी ‘Meji’ कहते हैं।  सूर्योदय से पहले सभी परिवार के लोग स्नान करते हैं और मेजी को जलाते हैंऔर अच्छे पकवान खाते हैं।

3. कोंगाली बिहू / कटी बिहू Kongali Bihu / Kati Bihu

कोंगाली बिहू या कटी बिहू कार्तिक माह में मनाया जाता है। इस त्यौहार के दिन लोग बांस के डंडों के ऊपर लाइट लगते हैं।  और तुलसी के पौधों के नीचे  दीप जला कर रौशनी करते हैं।

कोंगाली बिहू के दिन किसी भी प्रकार के पकवान नहीं बनाये जाते हैं और आनंद भी नहीं मनाया जाता है इसलिए इस दिन को कोंगाली बिहू कहते हैं।

बिहू त्यौहार के पकवान Best Bihu Traditional Recepies

  • नारियल के लड्डू Coconut Laddoo
  • तिल पीठा Til Pitha
  • घिला पीठा Ghila Pitha
  • मच्छी पीतिका Fish Pitika
  • बेनगेना खार Bengena Khar

सच में हम कह सकते हैं असम का बिहू त्यौहार बहुत ही पारंपरिक तरीके से मनाया जाता है।

Loading...
Load More Related Articles

One Comment

  1. Achhipost

    December 13, 2016 at 1:06 am

    Nice post. Bahut hi ummda

    Reply

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also

2017 अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस निबंध International Yoga Day Essay in Hindi

2017 अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस निबंध International Yoga Day Essay in Hindi जैसे की हम सब जान…